पलवल से नूंह ड्यूटी लगवाने के लिए मांगी थी ₹7,000 रिश्वत; ₹3,000 पहले ही ले चुका था आरोपी
चंडीगढ़। राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने गृह रक्षक विभाग, नूंह से संबंधित होमगार्ड को ₹4,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी द्वारा शिकायतकर्ता की ड्यूटी/पोस्टिंग जिला पलवल से जिला नूंह में करवाने के नाम पर ₹7,000 की रिश्वत की मांग की गई थी। आरोपी पहले ही शिकायतकर्ता से ₹3,000 की रिश्वत ले चुका था तथा शेष ₹4,000 की राशि लेते हुए एसीबी टीम ने उसे गिरफ्तार किया।
पोस्टिंग/ड्यूटी बदलवाने के नाम पर मांगी थी रिश्वत
शिकायतकर्ता ने एसीबी को दी शिकायत में आरोप लगाया कि होमगार्ड द्वारा उसकी ड्यूटी नूंह में लगवाने/पोस्टिंग बदलवाने के एवज में ₹7,000 रिश्वत की मांग की जा रही थी। आरोपी ने शिकायतकर्ता को धमकी दी थी कि यदि रिश्वत की राशि नहीं दी गई तो उसकी ड्यूटी पलवल में ही लगाई जाती रहेगी। शिकायत के सत्यापन के बाद राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, हिसार मंडल, हिसार के उपकेंद्र भिवानी की टीम द्वारा नियमानुसार ट्रैप कार्रवाई की गई। आरोपी ने पहले शिकायतकर्ता से ₹3,000 की रिश्वत प्राप्त कर ली थी और बाद में शेष ₹4,000 की मांग की। ट्रैप के दौरान आरोपी को शिकायतकर्ता से ₹4,000 की शेष रिश्वत राशि स्वीकार करते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया गया।
सेंटर कमांडर की भूमिका भी जांच में सामने आई
मामले की जांच के दौरान साक्ष्य के आधार पर नूंह के सेंटर कमांडर की भूमिका भी सामने आई। इसके बाद को भी नियमानुसार गिरफ्तार कर लिया गया। मामले में आगे की जांच जारी है।
गवाह की मौजूदगी में पारदर्शिता के साथ हुई कार्रवाई
एसीबी द्वारा यह पूरी कार्रवाई स्वतंत्र गवाह एवं राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में नियमानुसार एवं पारदर्शी तरीके से की गई। ट्रैप कार्रवाई इंस्पेक्टर जगजीत सिंह, राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, यूनिट भिवानी की टीम द्वारा की गई। कार्रवाई के दौरान राहुल छिल्लर, एक्सईएन, सिंचाई विभाग, भिवानी स्वतंत्र गवाह/राजपत्रित अधिकारी के रूप में मौजूद रहे। ट्रैप कार्रवाई में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 105 के तहत निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया गया।
इस संबंध में आरोपी अनिश एवं विक्रम के खिलाफ अभियोग संख्या 43, दिनांक 08.10.2026, धारा 308(2) भारतीय न्याय संहिता (BNS) तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 एवं 13(1)(b) सहपठित धारा 13(2) के तहत थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, गुरुग्राम में मामला दर्ज किया गया



