पंचकूला: हरियाणा में बिजली चोरी करने वाले आदतन अपराधियों के खिलाफ हरियाणा स्टेट एनफोर्समेंट ब्यूरो (HSEB) ने अपना शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। ब्यूरो के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (ADGP) श्री नवदीप सिंह विर्क ने एक समीक्षा बैठक के दौरान स्पष्ट चेतावनी दी है कि अब एक से अधिक बार बिजली चोरी करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
राजस्व की क्षति नहीं, यह एक अपराध है
ADGP नवदीप सिंह विर्क ने ब्यूरो के अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि बिजली चोरी समाज के लिए केवल राजस्व की क्षति नहीं है, बल्कि एक गंभीर अपराध है। उन्होंने कहा:
“समाज में कड़ा संदेश देने के लिए आदतन बिजली चोरों के विरुद्ध विशेष अभियान चलाना अनिवार्य है। हमारी प्राथमिकता ऐसे लोगों को चिन्हित कर सलाखों के पीछे पहुँचाना है जो बार-बार कानून का उल्लंघन करते हैं।”
तीन माह की बड़ी उपलब्धि
वर्ष 2026 की पहली तिमाही (जनवरी से मार्च) में ब्यूरो ने विद्युत अधिनियम, 2003 की धारा 135 के तहत त्वरित कार्यवाही करते हुए 90 आदतन अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इस कड़े रुख का परिणाम राजस्व में भी देखने को मिला है, जहाँ पहली तिमाही में ही विभाग ने 37.38 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया है।
जिला-वार कार्यवाही के आंकड़े (कुल 398 गिरफ्तारी)
ब्यूरो द्वारा अब तक पूरे प्रदेश में की गई बड़ी कार्यवाहियों का विवरण इस प्रकार है:
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हिसार: सबसे अधिक 136 गिरफ्तारियां।
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जींद: 104 आरोपी गिरफ्तार।
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गुरुग्राम: 48 गिरफ्तारियां।
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फतेहाबाद व सिरसा: क्रमशः 30 और 33 आरोपी पकड़े गए।
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अन्य जिले: फरीदाबाद (13), भिवानी (10), चरखी दादरी (8), झज्जर (6), रेवाड़ी (3), रोहतक (2), सोनीपत (2), नूह (2) और पंचकूला (1)।
अब तक कुल 398 आरोपियों को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में पेश किया जा चुका है।
अधिकारियों की पीठ थपथपाई
समीक्षा बैठक के दौरान ADGP ने इस सफल अभियान के लिए थाना प्रबंधकों और अनुसंधान अधिकारियों (IOs) की कार्यकुशलता की प्रशंसा की। इस अवसर पर पुलिस महानिरीक्षक कुलदीप सिंह एवं पुलिस अधीक्षक ताहिर हुसैन भी मौजूद रहे, जिन्होंने भविष्य में इस अभियान को और अधिक तीव्र करने की रूपरेखा साझा की।




