कलेसर, यमुनानगर। डारपुर जंगल से खैर के पेड़ों का अवैध कटान कर लकड़ी को बाजार बेचने ले जाने से पहले ही वन्य प्राणी विभाग ने तस्करों की योजना को विफल कर दिया। खैर तस्कर के घर में रेड डालकर खैर से लदी स्कोर्पियो गाड़ी को कब्जे में ले लिया, हालांकि आरोपी मौके से फरार होने में सफल हो गए। लकड़ी को कब्जे में लेकर उसकी शिकायत पुलिस थाना में दे दी है ताकि आरोपियों पर सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जा सके।
21 जनवरी 2026 को सुबह करीब 7 बजे गश्त के दौरान वन्य प्राणी विभाग के रक्षक संदीप सिंह ने डारपुर जंगल C-3 में खैर के चार ताजे कटे पेड़ों की मुडिंया मिली। मौके से लकड़ी चोरी हो चुकी थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत वन अपराध क्षति रिपोर्ट संख्या 014/1354 दर्ज कर जांच शुरू की गई।
22 जनवरी की रात मुखबिर से सूचना मिली कि चोरी की गई खैर की लकड़ी डारपुर निवासी हासिम के घर पर छिपाई गई है। इस लकड़ी को डारपुर निवासी हासिम, सकील, नसीम, महबूब व कुरबान व उनके साथियों द्वारा काटी गई है। लकड़ी को रात को जाटांवाला के नूर मोहम्मद के घर भेजा जाएगा। लकड़ी सफेद स्कॉर्पियो गाड़ियों में भरकर ले जाई जाएगी। सूचना मिलते ही वन्य प्राणी विभाग के मोबिन खान, संदीप सिंह, प्रदीप व पवन व डायल-112 की संयुक्त टीम ने रात करीब 9:50 बजे आरोपी हाशिम पुत्र नवाब के घर पर रेड की।
रेड की भनक लगते ही आरोपी फरार हो गए, लेकिन मौके से खैर की लकड़ी से भरी सफेद स्कॉर्पियो गाड़ी (HR-01-AL-6886) बरामद की गई। वाहन से 25 खैर के टुकड़े (0.373 घन मीटर) जब्त किए गए। पकड़ी गई गाड़ी को कलेसर वन्य प्राणी विभाग के कार्यालय लाया गया। इस मामले में अन्य आरोपियों के साथ जाटांवाला के इस्लाम व नूर मोहम्म्द शामिल है। वन्य प्राणी विभाग ने आरोपियों के खिलाफ वन्य जीव संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 2(1), 2(12B), 2(15), 2(24A), 2(36), 2(37), 9, 26A, 27, 29, 39, 50, 51 के तहत मामला दर्ज करने के लिए पुलिस को शिकायत दी है।
विभाग ने पुलिस से आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है ताकि जंगलों में अवैध कटान रोका जा सके और वन्य जीवों के प्राकृतिक आवास की रक्षा हो सके।




