यमुनानगर। उपायुक्त प्रीति ने जिला सचिवालय के सभागार में जिले में हो रहे अवैध खनन की रोकथाम के लिए अधिकारियों की बैठक ली।
नाकों को और सशक्त करने के लिए अतिरिक्त उपायुक्त की अध्यक्षता में एसडीएम, डीएसपी, नोडल अधिकारी माइनिंग, डीएसपी इंफोर्समेंट व खनन अधिकारी की एक कमेटी का गठन किया गया। उन्होंने सिंचाई विभाग को अपने से संबंधित नदी तल क्षेत्रों में नियमानुसार कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
एसडीएम को निर्देश दिए कि सभी सरपंचों को निर्देश जारी करें कि अवैध खनन की रोकथाम हेतु वह प्रशासन की सहायता करें अन्यथा उनके खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। उन्होंने प्रदूषण व सेल्स टैक्स विभाग को भी बंद पड़े स्टोन क्रैशरों-स्क्रीन प्लांटों के खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही करने के आदेश दिए, यदि वह चलते हुए पाए जाते हैं तो उनका बिजली कनेक्शन कटवाने के निर्देश दिए। सभी विभागों को अवैध खनन-अवैध खनिज परिवहन में संलिप्त वाहनों पर इकटठी कार्यवाही करने के निर्देश दिए जैसे कि खनन, आरटीए, सेल्स टैक्स, पुलिस इत्यादि।
उन्होंने कहा कि पंचायती जमीन पर अवैध खनन के लिए सरपंच जिम्मेदार होंगे। ई-रवाना का मल्टीपल यूज रोका जाए, अवैध खनन रोकने के लिए तकनीक का इस्तेमाल करें, अवैध खनन को रोकने के लिए नाकों पर सख्त कार्यवाही करें और नाकों की संख्या में वृद्धि की जाए। बैठक में डीसी ने जिले में अवैध खनन की गतिविधियों के बारे में खनन अधिकारी से पूछा।
इस बारे में सहायक खनन अभियंता डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि पिछली बैठक 6 नवम्बर 2025 को हुई थी तब से लेकर अब तक 57 वाहनों को अवैध खनन/अवैध खनिज के परिवहन में पकडक़र सीज किया गया है और उन पर 27,20,736 रुपये वसूले गए हैं। इसके अतिरिक्त 7 मुकदमें विभिन्न स्क्रीनिंग प्लांटों-स्टोन क्रैशरों पर अवैध खनन में संलिप्त पाए जाने पर दर्ज करवाए गए हैं।
इस मौके पर पुलिस अधीक्षक कमलदीप गोयल, अतिरिक्त उपायुक्त नवीन आहूजा, एसडीएम व्यासपुर जसपाल सिंह गिल, एसडीएम छछरौली रोहित कुमार, एसडीएम रादौर नरेन्द्र कुमार, सहायक खनन अभियंता डॉ. राजेश कुमार, डीआईपीआरओ डॉ. मनोज कुमार, सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता विनोद कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।





