यमुनानगर/पंचकूला: हरियाणा के यमुनानगर वन मंडल की जगाधरी रेंज के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग 344 (NH-344) पर पेड़ों की अंधाधुंध अवैध कटाई का एक बड़ा मामला सामने आया है। कैल मोड़ से लेकर सुडैल तक सड़क के दोनों ओर 57 सरकारी पेड़ों को अवैध रूप से काट दिया गया। इस गंभीर मामले का संज्ञान लेते हुए प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख ने विभागीय जांच रिपोर्ट के आधार पर जगाधरी रेंज में कैल बीट के इंचार्ज वन दरोगा अशोक सिंह को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
कैसा हुआ मामले का खुलासा?
प्राप्त विभागीय दस्तावेजों के अनुसार, NH-344 के दाएं और बाएं ओर निरीक्षण के दौरान सड़क किनारे कटे हुए पेड़ों के ठूंठ (Stumps) दिखाई दिए थे। इसके बाद वन मंडल अधिकारी (DFO) यमुनानगर ने पत्र क्रमांक 2785-88 (दिनांक 26.10.2026) के माध्यम से एक विशेष जांच टीम का गठन किया।
जांच टीम द्वारा मौके की पैमाइश और गहन निरीक्षण के बाद तैयार की गई रिपोर्ट में बड़े पैमाने पर अवैध कटाई की पुष्टि हुई। इसके बाद वन संरक्षक (उत्तरी परिमंडल, अंबाला) ने पत्र क्रमांक 4103 (दिनांक 02.11.2026) के जरिए उच्च अधिकारियों को रिपोर्ट सौंपी और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की।
कटे हुए पेड़ों का ब्योरा (कुल 57 पेड़ – 11.23 घन मीटर लकड़ी):
जांच रिपोर्ट में पाया गया कि जगाधरी ब्लॉक की जगाधरी बीट (कैल बीट क्षेत्र) से मुख्य रूप से शीशम और अन्य प्रजातियों की कीमती लकड़ी काटी गई है:
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शीशम के पेड़: 47 पेड़ (कुल आयतन: 8.71 घन मीटर)
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विविध प्रजातियों के पेड़: 10 पेड़ (कुल आयतन: 2.52 घन मीटर)
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कुल अवैध कटाई: 57 पेड़ (कुल आयतन: 11.23 घन मीटर)
कार्रवाई की मुख्य बातें:
1. वन दरोगा अशोक सिंह पर गाज:
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निलंबन: हरियाणा सिविल सेवा (दंड एवं अपील) नियम, 2016 के नियम 5 के तहत तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
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मुख्यालय बदला: निलंबन की अवधि के दौरान उनका मुख्यालय यमुनानगर से बदलकर नूंह-मेवात मंडल निर्धारित किया गया है।




